शहादत को मिली निराशा:एक साल प्रशासन के चक्कर काटे, मदद नहीं मिली तो परिवार ने घर में खुद लगाई शहीद बेटे की प्रतिमा

जम्मू कश्मीर के कुपवाड़ा में पिछले साल शहीद हुए थे बालकृष्ण

via Chebli Mohamed

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